Rewa News : दोस्त की बहन से छेडख़ानी बनी मौत की वजह, जीजा-साले ने हत्याकर शव जंगल में छुपाया, जानिए अंधी हत्या की कहानी

वारदात के 13  माह बाद पुलिस ने किया अंधी हत्या का खुलासा
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murder

मध्य प्रदेश के रीवा जिले की मऊगंज पुलिस ने एक अंधी हत्या का खुलासा किया है। वारदात के करीब सालभर बाद इसका सच सामने आया हे। 13 माह पहले लापता हुए एक युवक का शव कुछ दिनों बाद जंगल से बरामद हुआ था। जिसकी हत्या उसके दोस्त ने ही  अपने जीजा के साथ मिलकर की थी।

वारदता का खुलासा करते हुए पुलिस के बताया कि दुधमनिया जंगल स्थित एक सुनसान जगह पर बने घर में 3 अक्टूबर 2021 की रात छेडख़ानी करने पर युवक की लाठी-डंडे से पीटकर हत्या की गई थी। बेटे के घर नहीं लौटने पर मृतक के पिता ने मऊगंज में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई। करीब चाह माह बाद फरवरी 2022 में जंगल से नरकंकाल बरामद हुआ था। जिसका आधार कार्ड देखने पर चरवाहों ने मृतक के पिता को इसकी जानकारी दी थी।

पिता ने मौके पर जाकर देखा तो पड़े पेंट-शर्ट, वॉलेट और आधार कार्ड मिलने पर पुलिस को सूचना दी। जिसके बाद पुलिस ने हत्या का प्रकरण दर्ज कर जांच प्रारंभ कर दी और 9 महीने बाद 14 नवंबर 2022 को आरोपियों तक पहुंची। गिरफ्त में आए आरोपी ने सख्ती से पूछताछ करेन पर इस अंधी हत्या की पूरी कहानी पुलिस के सामने बयां कर दी। मामले का एक आरोपी फरार है, जो शातिर अपराधी है। पुलिस उसकी खोज में लगी हुई है।

वारदात के पीछे की कहानी
बताया गया है कि दुधमनिया गांव के बाहर जंगल से लगे एक सुनसान क्षेत्र में अब्दुल मजीद का घर बना हुआ है। अब्दुल के बेटे यूनुस अंसारी (31) की दोस्ती ग्राम छुहिया निवासी विकास गिरी (21) से थी। दोनों दोस्त साथ में मिलकर वन विभाग में पौधरोपण  आदि की ठेकेदारी करते थे। काम के सिलसिले में यूनुस के घर अक्सर विकास का आना-जाना होता था। जिसके चलते यूनुस की तीन बहनों में से 19 वर्षीय टीना (परिवर्तित नाम) को विकास चाहने लगा। गांव में भी दोनों के अफेयर के चर्चे थे। 

पुलिस गिरफ्त में आए आरोपी यूनुस अंसारी ने बताया वारदात की शाम करीब 6 बजे विकास गिरी उसके घर देशी अंडा लेने आया था, अंडा लेकर  कुछ देर बाद वह अपने घर चला गया। इसी बीच वह और जीजा सिरताज अंसारी जंगल में टहलने के लिए चले गए। बाकी लोग घर में थे। रात के करीब 8 बजे विकास गिरी एक बार फिर से उसके घर में आया। और 19 वर्षीय बड़ी बहन यानी सिरताज अंसारी की पत्नी से छेडख़ानी करने लगा। इसी दौरान घर आए तो उसे रंगेहाथ पकड़ लिया। बहनों से पूछा तो, घरवालों ने बताया कि विकास गिरी छेडख़ानी कर रहा था। तभी विकास हम लोगों को देख भागने लगा। इसके बाद हम दोनों ने उसका पीछा किया और जीजा ने पीछे से उसे एक डंडा मारा तो वह मर गया। इसके बाद दोनों ने मिलकर विकास गिरी के हाथ व पैर रस्सी से बांध दिए और  लाश को अंदर जंगल में जाकर छुपा दिए। धीरे-धीरे लाश वहीं पर डिकम्पोज हो गई।